तुम तो नहीं हो।

ये बारिश की बूँदें हैं, पर तुम तो नहीं हो।


ये सर्द हवाएँ बदन को छू रहीं हैं, पर तुम तो नहीं हो।


मैं मुस्कुरा रहीं हूँ फिर भी, पर तुम तो नहीं हो।


यह पल अभी भी उतना ही ख़ूबसूरत है, पर तुम तो नहीं हो।


अब पा लेने वाली चाहत नहीं है, बिना पाए हुए भी ख़ुशी है, तुम हो भी यहाँ, पर तुम तो नहीं हो।








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